
कम्फेड के डॉ. राजेंद्र प्रसाद दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ बरौनी (बरौनी डेयरी) के यान शाखा में कार्यरत एक श्रमिक की मौत हो जाने से आक्रोशित लोगों ने गुरुवार को बरौनी डेयरी की गेट पर मुआवजे को लेकर प्रदर्शन किया। हालांकि मौत की सूचना मिलने के बावजूद बरौनी डेयरी के प्रबंध निदेशक सुनील रंजन मिश्रा देखने भी नहीं आए और सुबह करीब साढ़े सात बजे फैक्ट्री स्थित कार्यालय छोड़कर गायब हो गए। जिससे आक्रोशित होकर लोगों ने करीब चार घंटे तक फैक्ट्री के मुख्य द्वार को जाम रखा, बाद में समझा-बुझाकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। घटना के संबंध में श्रमिकों ने बताया कि वैशाली जिला के मझौली हाजीपुर निवासी वीर चंद्र करीब 20 वर्षों से बरौनी डेयरी में काम करता था। बुधवार को ड्यूटी से घर जाने के दौरान अचानक बेहोश होकर गिरने से उसकी मौत हो गई।
सुबह में इसकी सूचना मिलते ही प्रबंध निदेशक सुनील रंजन मिश्रा फैक्ट्री छोड़कर लापता हो गए। इसके बाद लोगों ने डेयरी के मुख्य गेट पर शव रखकर जाम कर दिया, जिससे फैक्ट्री के बगल में स्थित मुख्य सड़क पर भी आवागमन ठप हो गया। सड़क जाम की सूचना मिलते ही फुलवड़िया थाना के एएसआई रविंद्र प्रसाद ने लोगों को समझा-बुझाकर लाश को एंबुलेंस में रखकर गेट के अंदर खड़ा कर दिया। लेकिन मृतक की पत्नी निर्मला देवी अपने पुत्र एवं पुत्री के साथ गेट पर ही धरना पर बैठे रहे। परिजन मृतक के जगह पर एक परिजन को नौकरी तथा मुआवजा देने की मांग कर रहे थे। प्रबंध निदेशक के नहीं रहने के कारण फैक्ट्री के चार्जमैन सहित अन्य अधिकारियों द्वारा पत्र जारी कर सहयोग करने का आश्वासन देते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज मामले को शांत कराया गया।प्रबंध निदेशक और प्रबंधन ही इस मनमानी से श्रमिकों में काफी आक्रोश है। मामले के संबंध में प्रबंध निदेशक से जानकारी लेने का प्रयास किया, लेकिन संपर्क नहीं हो सका।